अनुशासन समिति द्वारा प्रसारित नियम निम्नवत है:-
महाविद्यालय परिसर में अनुशासन-व्यवस्था एवं छात्राओं के बीच अच्छा आचार-विचार विकसित करने हेतु उक्त समिति कार्य करती है। छात्राओं के आचरण पर दृष्टि रखना एवं दिशा-निर्देश निर्गत करना समिति के अधिकार-क्षेत्र में है। इस समिति द्वारा प्रसारित नियम निम्नवत हैं:-
- महाविद्यालय की छात्राओं के लिए नीला कुरता (चैक) तथा सफेद सलवार, परिधान अपेक्षित है। जिससे महाविद्यालय स्तरीय पहचान सुनिश्चित की जा सके।
- साइकिल लाने वाली छात्रायें अपनी साइकिल, कालेज प्रशासन द्वारा बताये गये चिन्हित स्थान पर ही ताला लगा कर रखेंगे।
- छात्राओं को प्रवेश-द्वार, प्राध्यापक-कक्ष एवं प्राचार्य-कक्ष के निकट भीड़़ नही लगानी चाहिए।
- छात्राओं को कार्यालय, पुस्तकालय एवं क्रीड़ा-सम्बन्धी नियमों तथा निर्देशों का अनुपालन करना चाहिए।
- महाविद्यालय परिसर में अस्त्र लाना, धूम्रपान, पान मसाला, तम्बाकू एवं कपूरी खाना अथवा खाकर आना वर्जित है। इस प्रकार के छात्र-छात्राओं को दण्डित किया जायेगा।
- कक्षाएं चलते समय बरामदे में न घूमें।
- छात्राओं के आपसी मतभेद को अनुशासन-समिति के सहयोग से सुलझाया जायेगा।
- महाविद्यालय में आयोजित समारोहों में शान्तिपूर्वक तथा उत्साह पूर्वक भाग लें तथा अनुशासन का पूर्णतः पालन करें।
- महाविद्यालय-भवन को किसी प्रकार की क्षति न पहुँचायें। महाविद्यालय की सम्पत्ति की सुरक्षा छात्राओं का दायित्व है।
- छात्रायें परिचय-पत्र सदैव अपने पास रखें। बिना परिचय-पत्र के कालेज में प्रवेश नही करने दिया जायेगा।
- महाविद्यालय में बाहरी विद्यार्थियों को अपने साथ लाना सख्त मना है।
- छात्रायें कक्ष अथवा पुस्तकालय में ही बैठें।
- गम्भीर अनुशासनहीनता अथवा चरित्र-दोष पाये जाने पर छात्रा को महाविद्यालय से निष्कासित कर दिया जायेगा।
- महाविद्यालय परिसर में मोबाइल का प्रयोग वर्जित है। पकड़े जाने पर अनुशासनात्मक कार्यवाही की जायेगी।
- छात्राओं को यह सावधानी रखनी होगी कि वे किसी अनैतिक या अपराध मूलक अभियोगी से दूर रहें अन्यथा उसका नाम महाविद्यालय की पंजिका से पृथक कर दिया जायेगा।
- यदि कोई विद्यार्थी लगातार 5 दिन तक अपनी कक्षा में अनुपस्थित रहता है तो उसका नाम व्याख्यान पंजिका से काटा जायेगा।
- भूतपूर्व छात्रा, अभिभावकगण एवं अन्य व्यक्ति काॅलेज कार्यों से सम्बन्धित समस्याओं हेतु कार्यालय में ही सम्बन्धित व्यक्ति से सम्पर्क कर अपना कार्य सम्पादित करेंगें। विशिष्ट प्रयोजन होने पर प्राचार्य/मुख्य अनुशासक की अनुमति से ही शैक्षिक परिसर में प्रवेश कर सकेंगे।
महाविद्यालय परिसर में अनुशासन-व्यवस्था एवं छात्राओं के बीच अच्छा आचार - विचार विकसित करने हेतु उक्त समिति कार्य करती है l छात्राओं के आचरण पर दृष्टि रखना एवं दिशा- निर्देश निर्गत करना समिति के अधिकार-क्षेत्र में है |